कौन थे ब्रिटेन में भारतीय तिरंगा फाड़ने वाले प्रदर्शनकारी? ब्रिटेन को जताना पड़ा खेद

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ब्रिटेन यात्रा के दौरान भारी विरोध का सामना करना पड़ रहा है। यह विरोध प्रदर्शन उस वक्त उग्र हो गया जब 53 राष्ट्रमंडल देशों के ‘फ्लैग पोल’ से भारत के तिरंगे झंडे को फाड़ दिया गया। भारतीय अधिकारियों ने इस मुद्दे को ब्रिटेन के सामने रखा तो उन्होंने खेद जताया है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रवीश कुमार ने कहा, ‘भारतीय झंडे के साथ हुई ऐसी घटना से हम बेहद व्यथित हैं। इस मामले को ब्रिटेन में सख्ती से उठाया गया है। ब्रिटेन ने इस घटना पर खेद व्यक्त किया है। तिरंगा तुरंत बदल दिया गया है। इस मामले में जो भी संलिप्त हैं हम उनके खिलाफ कानून कार्रवाई चाहते हैं।’ प्रधानमंत्री मोदी चोगम में भाग लेने के लिए चार दिवसीय यात्रा पर मंगलवार को ब्रिटेन पहुंचे हैं।

कौन लोग कर रहे हैं विरोध प्रदर्शन?

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ब्रिटेन यात्रा पर विरोध प्रदर्शन कर रहे लोगों में सिख फेडरेशन यूके के कुछ खालिस्तानी समर्थक और पाकिस्तानी मूले के पीर लॉर्ड अहमद की अगुवाई वाले तथाकथित ‘माइनॉरिटीज अगेन्स्ट मोदी’ के करीब 500 लोग शामिल थे। इनमें से कुछ का नेतृत्व कुछ कश्मीरी अलगाववादी समूह कर रहे थे। ये लोग अपने बैनर और झंडे ले कर महात्मा गांधी की प्रतिमा के आसपास एकत्र हो गए।

द्विपक्षीय और चोगम वार्ता के लिए लंदन आये प्रधानमंत्री मोदी ने जब अपनी ब्रिटिश समकक्ष टेरीजा मे से मुलाकात की तब वहां प्रदर्शनकारियों का विरोध प्रदर्शन जारी था। इस प्रदर्शन को कवर कर रहे भारत के एक बड़े समाचार चैनल के पत्रकार हिंसक प्रदर्शन में फंस गये थे और ड्यूटी पर मौजूद स्कॉटलैंड यार्ड के अधिकारियों को बीच-बचाव करना पड़ा। इस दौरान खालिस्तान समर्थक प्रदर्शनकारी कुछ ज्यादा हिंसक हो गये थे।

इन लोगों ने किया भव्य स्वागत 

साड़ी पहनी महिलाओं ने ढोल की थाप के साथ 10 डाऊनिंग स्ट्रीट पर मोदी के पक्ष में समां बांधा। मोदी ब्रिटिश प्रधानमंत्री टेरीजा मे से मिलने के लिए कल उनके सरकारी आवास पहुंचे थे। डाऊनिंग स्ट्रीट और पार्लियामेंट स्क्वायर के पास ब्रिटेन के अलग-अलग हिस्सों से आए फ्रेंड्स ऑफ इंडिया सोसायटी इंटरनेशनल ( एफआईएसआई ) समूह के लोग भी मौजूद थे। इन लोगों ने ‘ चक दे इंडिया ’ और ‘ जय हिन्द ’ के बैनर लहराये। यहां एकत्र लोगों में से एक ने कहा , ‘‘ हम ब्रिटेन में भारत के प्रधानमंत्री का स्वागत करना चाहते हैं और उन्हें भारतवंशियों की ओर से प्राप्त समर्थन के बारे में बताना चाहते हैं।’’

क्या है मेट्रोपॉलिटन पुलिस का रुख

मेट्रोपॉलिटन पुलिस ने एक बयान में कहा, ‘बुधवार , 18 अप्रैल को ( ब्रिटिश समयानुसार ) दोपहर तीन बजे पार्लियामेंट स्क्वायर में एक भारतीय झंडे को नीचे उतार लिए जाने के बाद पुलिस मामले की जांच कर रही है। उस झंडे की जगह दूसरा झंडा लगा दिया गया है। कोई गिरफ्तारी नहीं हुई है। जांच जारी है।’

 




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